रीवा कमिश्नर बीएस जामोद ने सीएम हेल्पलाइन प्रकरणों के निराकरण की समीक्षा कर दिए आवश्यकत निर्देश

Share this post

अधिकारी सौ दिन से अधिक लंबित आवेदनों का सात दिवस में निराकरण करें.

संकल्प से समाधान अभियान के आवेदनों का निराकरण करें.

कमिश्नर कार्यालय सभागार में आयोजित साप्ताहिक समीक्षा बैठक में कमिश्नर बीएस जामोद ने सीएम हेल्पलाइन प्रकरणों के निराकरण की समीक्षा की। कमिश्नर ने कहा कि सभी अधिकारी सीएम हेल्पलाइन के प्रकरणों का तत्परता से निराकरण करें। विशेष प्रयास करके सौ दिन से अधिक समय से लंबित सभी प्रकरणों का सात दिवस में निराकरण करें। अभी भी कई विभागों में बड़ी संख्या में प्रकरण नॉन अटेंडेड हैं। संबंधित एल-1 अधिकारियों के विरूद्ध कार्रवाई करें। प्रकरण के नॉन अटेंडेड रहने पर रैंकिंग में गिरावट होती है। राजस्व विभाग, ग्रामीण विकास विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग, स्वास्थ्य विभाग, श्रम विभाग, जनजातीय कार्य विभाग तथा खाद्य विभाग में बड़ी संख्या में आवेदन पत्र लंबित हैं। इनके निराकरण पर ध्यान दें।


कमिश्नर ने कहा कि संकल्प से समाधान अभियान के तहत 16 फरवरी से विकासखण्ड स्तर तथा क्लस्टर स्तर पर समाधान शिविर शुरू हो गए हैं। सभी अधिकारी अपने विभाग से जुड़े आवेदन पत्रों का सात दिवस में निराकरण सुनिश्चित करें। सीधी, सिंगरौली और रीवा जिलों में आवेदन पत्रों का निराकरण संतोषजनक नहीं है। आमजनता से प्राप्त आवेदन पत्रों को उचित कारण होने पर ही अमान्य करें। आयुष्मान कार्ड, संबल योजना, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, दिव्यांगता प्रमाण पत्र, राजस्व प्रकरण तथा ग्रामीण विकास से जुड़े मुद्दों पर बड़ी संख्या में आवेदन मिले हैं। आवेदन पत्रों का निराकरण करके नोडल अधिकारियों के माध्यम से सीएम हेल्पलाइन पोर्टल पर दर्ज कराएं। बैठक में कमिश्नर ने पेयजल व्यवस्था समर्थन मूल्य पर गेंहू उपार्जन के लिए किसानों के पंजीयन, प्राकृतिक खेती, कृषि वर्ष की कार्ययोजना तैयार करने तथा राजस्व प्रकरणों के निराकरण के संबंध में अधिकारियों को निर्देश दिए। बैठक में संयुक्त आयुक्त सुदेश मालवीय, संयुक्त आयुक्त दिव्या त्रिपाठी, उपायुक्त एलएल अहिरवार तथा सभी संभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।

Leave a Comment

ख़ास ख़बरें

ताजातरीन

marketmystique